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हिमालयी ग्लेशियर 65% तेज़ी से पिघल रहे, ब्लैक कार्बन से बढ़ा खतरा

TV 24 Network September 15, 2026 0
हिमालयी ग्लेशियर तेजी से पिघलते हुए
हिमालयी ग्लेशियर तेजी से पिघलते हुए

हिमालयी क्षेत्र में तेजी से हो रहे पर्यावरणीय बदलाव ने वैज्ञानिकों और विशेषज्ञों की चिंता बढ़ा दी है। एक नई रिपोर्ट के अनुसार हिमालयी ग्लेशियर एक दशक पहले की तुलना में करीब 65 प्रतिशत तेज गति से अपना बर्फीला द्रव्यमान खो रहे हैं। इसका असर भारत समेत पूरे दक्षिण एशिया की जल सुरक्षा, कृषि और करोड़ों लोगों की आजीविका पर पड़ सकता है।

 

ग्लेशियरों के पिघलने की रफ्तार बढ़ी

नई रिपोर्ट में बताया गया है कि जलवायु परिवर्तन के कारण हिमालयी ग्लेशियरों के पिघलने की गति लगातार बढ़ रही है। तापमान में वृद्धि के साथ ग्लेशियर तेजी से पीछे हट रहे हैं और उनका बर्फीला द्रव्यमान कम हो रहा है। विशेषज्ञों के अनुसार आने वाले वर्षों में यह बदलाव पानी की उपलब्धता और पहाड़ी क्षेत्रों की सुरक्षा के लिए बड़ी चुनौती बन सकता है।

 

ब्लैक कार्बन बना बड़ा कारण

रिपोर्ट में ब्लैक कार्बन यानी काली कालिख को ग्लेशियरों के तेजी से पिघलने वाले प्रमुख कारकों में शामिल किया गया है। वाहनों, उद्योगों, ईंधन जलाने और ईंट-भट्ठों से निकलने वाला यह प्रदूषण वातावरण के जरिए हिमालय तक पहुंचता है। जब ब्लैक कार्बन बर्फ की सतह पर जमा होता है तो बर्फ सूर्य की रोशनी को कम परावर्तित करती है और अधिक गर्मी सोखने लगती है।

 

ग्लेशियर झीलों से बढ़ रहा बाढ़ का खतरा

ग्लेशियरों के पिघलने के साथ कई क्षेत्रों में ग्लेशियर झीलों का आकार भी बढ़ रहा है। इन झीलों के आसपास बर्फ और चट्टानों से बने प्राकृतिक बांध होते हैं। यदि ये बांध टूटते हैं तो अचानक भारी मात्रा में पानी नीचे की ओर आ सकता है। इसे ग्लेशियल लेक आउटबर्स्ट फ्लड यानी GLOF कहा जाता है।

 

भारत की नदियों पर पड़ सकता है असर

हिमालय भारत की कई प्रमुख नदियों का महत्वपूर्ण स्रोत है। ग्लेशियरों से निकलने वाला पानी गंगा, यमुना और अन्य नदी प्रणालियों में योगदान देता है। विशेषज्ञों के अनुसार ग्लेशियरों के तेजी से पिघलने से शुरुआत में कुछ क्षेत्रों में नदी का प्रवाह बढ़ सकता है, लेकिन लंबे समय में ग्लेशियरों के सिकुड़ने के कारण पानी की उपलब्धता कम हो सकती है।

 

करोड़ों लोगों की आजीविका पर खतरा

हिमालयी नदियों पर भारत और दक्षिण एशिया के करोड़ों लोगों की निर्भरता है। खेती, पीने के पानी, जलविद्युत और पशुपालन जैसी गतिविधियों के लिए इन नदियों का महत्वपूर्ण योगदान है। इसलिए ग्लेशियरों में होने वाला बदलाव केवल पर्यावरणीय समस्या नहीं बल्कि आर्थिक और सामाजिक चुनौती भी बन सकता है।

 

निगरानी व्यवस्था मजबूत करने की जरूरत

रिपोर्ट में हिमालयी ग्लेशियरों की नियमित निगरानी बढ़ाने की आवश्यकता पर जोर दिया गया है। वैज्ञानिकों का कहना है कि ग्लेशियरों, ग्लेशियर झीलों और पहाड़ी क्षेत्रों में होने वाले बदलावों की बेहतर निगरानी से संभावित आपदाओं की पहले पहचान की जा सकती है और समय रहते लोगों को सुरक्षित किया जा सकता है।

 

ब्लैक कार्बन उत्सर्जन कम करना जरूरी

विशेषज्ञों के अनुसार ग्लेशियरों की सुरक्षा के लिए केवल वैश्विक तापमान को नियंत्रित करना पर्याप्त नहीं होगा। ब्लैक कार्बन उत्सर्जन में कमी भी जरूरी है। वाहनों और उद्योगों से होने वाले प्रदूषण को कम करने, स्वच्छ ईंधन को बढ़ावा देने और ईंट-भट्ठों में आधुनिक तकनीक अपनाने से इस प्रदूषण को कम किया जा सकता है।

 

हिमालय का संरक्षण क्यों जरूरी?

हिमालय केवल बर्फ और पहाड़ों का क्षेत्र नहीं है, बल्कि यह दक्षिण एशिया की जल सुरक्षा का महत्वपूर्ण आधार है। ग्लेशियरों के लगातार पिघलने से भविष्य में पानी, कृषि, बिजली और आपदा प्रबंधन से जुड़ी समस्याएं बढ़ सकती हैं। इसलिए विशेषज्ञों का मानना है कि हिमालयी पारिस्थितिकी तंत्र की रक्षा के लिए सरकारों, वैज्ञानिकों और स्थानीय समुदायों को मिलकर तत्काल कदम उठाने की जरूरत है।

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Bihar Chunav से पहले Anant Singh की बढ़ी मुश्किलें, दुलार चंद यादव के हत्या मामले में फंसे बाहुबली

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नाती अगस्त्य की Ikkis का ट्रेलर देखकर इमोशनल हुए Amitabh Bachchan!

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अंबाला एयरफोर्स स्टेशन पहुंचीं राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू, फाइटर जेट में उड़ान भरने वाली दूसरी महिला राष्ट्रपति

Lucknow Desk: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने आज बुधवार को भारतीय वायुसेना के लड़ाकू विमान राफेल में उड़ान भरकर इतिहास रच दिया है। इससे पहले राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू सुखोई-3 MKI लड़ाकू विमान में भी उड़ान भर चुकी हैं। राष्ट्रपति की इस उड़ान ने आज भारतीय वायुसेना के साथ-साथ पूरे देश को गौरव से भर दिया है। बता दें, भारत का राष्ट्रपति तीनों सेनाओं की कमांडर होता है और राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद पर मौजूद हैं। अंबाला एयरफोर्स स्टेशन पहुंचीं राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू आज सुबह अंबाला एयरबेस पहुंचीं, जहां वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल ए. पी. सिंह और वरिष्ठ अधिकारियों ने उनका स्वागत किया। बता दें, राष्ट्रपति का यह उड़ान न केवल साहसिक नेतृत्व शैली का प्रतीक है, बल्कि भारत की बढ़ती रक्षा क्षमता और 'आत्मनिर्भर भारत' के संकल्प को वैश्विक पटल पर मजबूती से प्रदर्शित करना भी है। फाइटर जेट में उड़ान भरने वाली दूसरी महिला राष्ट्रपति मुर्मू राष्ट्रपति मुर्मू ने फाइटर जेट की सवारी ये पहली बार नहीं की हैं। उन्होंने इससे पहले 8 अप्रैल 2023 को असम के तेजपुर एयरफोर्स स्टेशन से सुखोई-30 MKI फाइटर विमान में भी उड़ान भर चुकी हैं। वह फाइटर जेट उड़ाने वाली तीसरी राष्ट्रपति और दूसरी महिला राष्ट्राध्यक्ष बनी थीं। राष्ट्रपति मुर्मू ने से पहले पूर्व राष्ट्रपति एपीजे अब्दुल कलाम और प्रतिभा पाटिल ने भी सुखोई-30 MKI में उड़ान भरी थी। राफेल लड़ाकू विमान का क्या है इतिहास? बता दें, राफेल लड़ाकू विमान फ्रांसीसी कंपनी दसॉ एविएशन द्वारा निर्मित किया गया है। सितंबर 2020 में अंबाला एयरफोर्स स्टेशन पर भारतीय वायुसेना में औपचारिक रूप से शामिल किया गया था। अंबाला एयरबेस राफेल स्क्वाड्रन ‘गोल्डन एरोज' का मुख्य केंद्र है। इन विमानों का इस्तेमाल हाल ही में ‘ऑपरेशन सिंदूर' के दौरान किया गया था, इसके माध्यम से आतंकवादी ठिकानों पर हमले कर अपनी ताकत को सैनियों ने दिखाया था।

Brijbhushan Sharan Singh के हेलीकॉप्टर की खेत में इमरजेंसी लैंडिंग! इस वजह से बिगड़ा संतुलन

Lucknow Desk: कैसरगंज के बीजेपी नेता और पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह के हेलीकॉप्टर को धान के खेत में अचानक उतारना पड़ा। जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। बताया जा रहा है कि तकनीकी खराबी आने के बाद पायलट ने सूझबूझ दिखाते हुए हेलीकॉप्टर को सुरक्षित उतारा, जहां हेलीकॉप्टर देखने के लिए ग्रामीण भी जुट गए। मिली जानकारी के मुताबिक, बृजभूषण शरण सिंह एक कार्यक्रम में शामिल होने जा रहे थे। उड़ान के कुछ ही मिनट बाद हेलीकॉप्टर में तकनीकी दिक्कत आने लगी। स्थिति को समझते हुए पायलट ने तुरंत इमरजेंसी लैंडिंग का फैसला लिया और नज़दीकी धान के खेत में हेलीकॉप्टर को सुरक्षित उतार दिया। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी भी मौके पर पहुंच गए। हेलीकॉप्टर की जांच के लिए टेक्निकल टीम बुलाई गई है। फिलहाल राहत की बात यह है कि बृजभूषण शरण सिंह और हेलीकॉप्टर में मौजूद सभी लोग पूरी तरह सुरक्षित हैं। जांच के बाद ही तकनीकी खराबी की असली वजह पता चल पाएगी। इसी बीच पूर्व सांसद बृजभूषण सिंह ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो जारी कर संदेश दिया। उन्होंने कहा, आज मेरा बिहार प्रदेश के अंदर संदेश व दिनारा विधानसभा क्षेत्र में चुनावी सभा का कार्यक्रम था। संदेश विधानसभा का कार्यक्रम करके मैं दिनारा विधानसभा के लिए हेलीकाप्टर से निकला था। अचानक मौसम खराब होने के कारण हेलीकाप्टर की सुरक्षित लैंडिंग एक खेत में करानी पड़ी। पायलट ने बड़ी सूझबूझ से लैंडिंग कराई। मैं, इस समय गाड़ी से पटना जा रहा हूं। किसी अफवाह में आने की जरूरत नहीं है। किसी प्रकार की कोई हानि नहीं हुई है। हम सभी पूर्णतया सुरक्षित हैं। हेलीकाप्टर की सुरक्षा का प्रबंध कर दिया गया है। प्रशासन व जनता का बहुत सहयोग रहा...धन्यवाद

Shahrukh Khan ने मनाया 60वां जन्मदिन, विदेशों से भी जुटे फैंस

Lucknow Desk: आज 02 नवंबर 2025 को बॉलीवुड के बादशाह Shahrukh Khan ने अपने 60वें जन्मदिन का जश्न मनाया। इस मौके पर उन्होंने अपने परिवार, करीबियों और फिल्म इंडस्ट्री के दोस्तों के साथ खुशियाँ बाँटी। उन्होंने अपने आलीशान घर के बजाय इस बार सार्वजनिक रूप से Mannat से बाहर नहीं दिखने का फैसला किया क्योंकि वहाँ फिलहाल निर्माण का काम चल रहा है। वहीँ, जश्न के लिए उन्होंने Alibaug में स्थित निजी स्थान चुना। एक विशेष फैन-मीट कार्यक्रम Balgandharva Rangmandir, बांद्रा में आयोजित किया गया था, जहाँ सीमित प्रवेश पास के माध्यम से प्रशंसक सीधे शामिल हुए। सोशल मीडिया पर सितारों ने बधाइयाँ दीं। जिसमें Farah Khan ने लिखा, “Happy birthday KING … rule for another 100 years”। बता दें कि Shahrukh Khan के जन्मदिन के मौके पर सिर्फ भारत भर से ही नहीं बल्कि विदेशों से भी फैंस जुटे। शाहरुख खान के फैन क्लबों ने जन्मदिन सप्ताह के रूप में मनाया, चैरिटी ड्राइव, विशेष बैनर आदि के माध्यम से ख़ास अंदाज़ से जश्न मनाया।

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JioHome के नए 3-in-1 प्लान लॉन्च, एक ही पैक में Wi-Fi, TV और OTT का मजा

Reliance Jio ने घरेलू ग्राहकों की अलग-अलग जरूरतों को ध्यान में रखते हुए नए Jio Home Packs पेश किए हैं। इन पैक्स में ग्राहकों को केवल टीवी, केवल वाई-फाई या इंटरनेट के साथ टीवी और OTT मनोरंजन चुनने का विकल्प दिया गया है। नए पैक्स की शुरुआती कीमत ₹400 प्रतिमाह बताई गई है। हालांकि, ग्राहकों के लिए यह समझना जरूरी है कि ₹400 वाला विकल्प मुख्य रूप से TV Only Pack है। इसमें हाई-स्पीड इंटरनेट वाली सभी सुविधाएं शामिल नहीं हैं।   तीन प्रकार के Home Packs रिपोर्ट के अनुसार Jio ने अपने Home Packs को तीन अलग-अलग श्रेणियों में बांटा है। इनमें Jio Home TV Only Pack, Jio Home Wi-Fi Only Pack और Jio Home Wi-Fi + TV + OTT Pack शामिल हैं। इसका उद्देश्य ग्राहकों को उनकी जरूरत के अनुसार सेवा चुनने की सुविधा देना है।   जिन परिवारों को केवल टीवी और मनोरंजन की जरूरत है, वे TV Only Pack चुन सकते हैं। जिन ग्राहकों को पढ़ाई, ऑफिस के काम या सामान्य इंटरनेट इस्तेमाल के लिए केवल ब्रॉडबैंड चाहिए, उनके लिए Wi-Fi Only Pack उपलब्ध है। वहीं, एक ही कनेक्शन में इंटरनेट, लाइव टीवी चैनल और OTT प्लेटफॉर्म चाहने वाले ग्राहक संयुक्त पैक का चुनाव कर सकते हैं। ₹400 में क्या मिलेगा? Jio Home TV Only Pack की शुरुआती कीमत ₹400 प्रतिमाह बताई गई है। इसके अलावा ग्राहक ₹1,000 में दो महीने और ₹2,000 में पांच महीने वाला विकल्प भी चुन सकते हैं। यह पैक खास तौर पर उन ग्राहकों के लिए बताया गया है, जिन्हें घर में इंटरनेट के बजाय मुख्य रूप से टीवी और मनोरंजन सेवाओं की जरूरत है।   इसलिए यह कहना पूरी तरह सही नहीं होगा कि ₹400 में इंटरनेट, 1000 से अधिक टीवी चैनल और 12 OTT ऐप्स की सभी सुविधाएं एक साथ मिलेंगी। ₹400 की शुरुआती कीमत TV Only श्रेणी से संबंधित है, जबकि सभी सेवाओं वाला पैक अलग विकल्प है।   Wi-Fi Only Pack का विकल्प केवल इंटरनेट इस्तेमाल करने वाले ग्राहकों के लिए Wi-Fi Only Pack पेश किया गया है। रिपोर्ट के अनुसार 30 Mbps वाला विकल्प लंबे समय के रिचार्ज पर लगभग ₹450 प्रतिमाह की प्रभावी कीमत में उपलब्ध हो सकता है। उदाहरण के तौर पर पांच महीने के लिए ₹2,200 का भुगतान करने पर इसकी औसत मासिक कीमत करीब ₹440 से ₹450 पड़ती है।   Jio की आधिकारिक वेबसाइट पर मौजूदा JioFiber प्लान ₹399 प्रतिमाह और अतिरिक्त GST से शुरू होते हैं। ₹399 वाले प्रीपेड प्लान में 30 Mbps इंटरनेट और वॉयस कॉलिंग की सुविधा दी जाती है। क्षेत्र, कनेक्शन के प्रकार और चुनी गई अवधि के अनुसार प्लान तथा शुल्क अलग हो सकते हैं।   इंटरनेट, टीवी और OTT वाला संयुक्त पैक Jio Home Wi-Fi + TV + OTT Pack उन परिवारों के लिए है, जहां कई सदस्य मोबाइल, स्मार्ट टीवी, लैपटॉप और टैबलेट पर इंटरनेट तथा मनोरंजन सेवाओं का इस्तेमाल करते हैं। रिपोर्ट में बताया गया है कि इस श्रेणी में 30 Mbps फाइबर इंटरनेट, 1000 से अधिक लाइव टीवी चैनल और 12 OTT ऐप्स का एक्सेस मिल सकता है।   Jio के अलग-अलग आधिकारिक ब्रॉडबैंड प्लानों में Netflix, Amazon Prime Video, Disney+ Hotstar, SonyLIV और अन्य मनोरंजन सेवाएं भी दी जाती हैं। हालांकि, मिलने वाले OTT ऐप्स की संख्या चुने गए प्लान पर निर्भर करती है। कुछ योजनाओं में GST और इंस्टॉलेशन या सिक्योरिटी से जुड़े शुल्क अलग से लागू हो सकते हैं।   प्लान लेने से पहले करें जांच नया कनेक्शन या रिचार्ज लेने से पहले ग्राहकों को MyJio ऐप या Jio की आधिकारिक वेबसाइट पर अपने क्षेत्र में उपलब्ध प्लान, इंटरनेट स्पीड, OTT सुविधाएं, GST और अन्य शर्तें जांच लेनी चाहिए। Jio के अनुसार मौजूदा ग्राहक MyJio ऐप या वेबसाइट के माध्यम से अपनी जरूरत के अनुसार प्लान बदल सकते हैं।

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